Saturday, January 17, 2026

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निर्जला एकादशी में ना करें 10 गलतियां | निर्जला व्रत के फायदे

निर्जला एकादशी पर कौन सा अनाज ना खाएं निर्जला एकादशी में ना करें 10 गलतियां । जानिए निर्जला एकादशी के 10 नियम ₹10 एकादशी का पारण करना बहुत कठिन होता है । निर्जला पर्व में पानी पीने की मनाही होती है । निर्जला पर्व में जल संरक्षण का संदेश देता है । निर्जला एकादशी एकादशी पर आने का दोष दूर हो जाता है ।

अगर आपके मन मे ये सवाल उठ रहा है कि निर्जला एकादशी कैसे करते है या एकादशी व्रत के नियम क्या है । निर्जला व्रत करने से क्या फायदा होगा , इस सारे सवालों का जबाब हम इस लेख को पूरा पढ़ कर ले सकते है ।

निर्जला व्रत के फायदे

ऐसा माना जाता है कि पूरे साल की एकादशी में से एक का भी व्रत रख नहीं पाता है और व्यक्ति अगर निर्जला एकादशी का व्रत रख ले तो उस व्यक्ति को सभी एकादशी का फल मिल जाता है ।

उसके परिवार पर भगवान विष्णु की कृपा बरसती रहती है एकादशी का व्रत नहीं रख रहे हैं तो एकादशी के दिन भगवान विष्णु का पूजन करना चाहिए ।
इस व्रत को करने से व्यक्ति को सही तरह के कष्टों से मुक्ति मिल जाती है ।
व्रत करने वाले सभी व्यक्ति के आप भूल जाते हैं ।
एकादशी के उपवास को द्वादशी के दिन सूर्योदय के बाद ही खोला जाता है ।

निर्जला एकादशी पर्व का हिंदू धर्म में काफी महत्व माना जाता है ।
एकादशी पर्व को पूरे मन से साथ करना चाहिए इस पर में प्रातः कान्हा स्थान करके स्नान करके भगवान विष्णु के सामने व्रत रखने का संकल्प करें और उनसे प्रार्थना करें हे प्रभु हमारे वर्क को पूर्ण होने में सहयोग करें ।

निर्जला व्रत में पानी कब पीना चाहिए

निर्जला एकादशी व्रत के दिन के सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक जल और अन का सेवन नहीं करना चाहिए ।

आपके लिए निर्जला रहना संभव ना हो तो फलों का रस , दूध फलाहार का सेवन कर सकते हैं आपकी शक्ति के अनुसार अपनी शक्ति के अनुसार वर्क किया जा सकता है ओम नमो भगवते वासुदेवाय मंत्र का जाप करते रहना चाहिए।

हिन्दू धर्म में निर्जला एकादशी करने के लिए कुछ नियम बनाये गए है । आगे हम उसी के बारे में बताने जा रहे है ।

एकादशी व्रत के नियम | निर्जला व्रत कैसे करते हैं


निर्जला एकादशी की कथा को पढ़ना और सुनना चाहिए । विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करना चाहिए भगवान विष्णु को प्रिय है । भगवान विष्णु को पीले पीले फूल पीले भगवान का भोग लगाएं भगवान विष्णु को पूजा करते समय उन्हें लाल फलों की माला जहां धूप दीप नैवेद्य कॉल अर्पित करके उनकी आरती करें तुलसी के पौधे और पीपल के पेड़ की पूजा करें तुलसी और पीपल पर जल चढ़ाएं परिक्रमा करें आप शाम को दीप जलाएं निर्जला एकादशी वक्त ना कर कर सकते हैं तो कोई बात नहीं उस दिन अपनी का सामर्थ्य अनुसार दान जरूर करें द्वादशी वाले दिन दुनिया सूर्योदय के बाद जरूरतमंद लोगों को भोजन कराएं

Qs. निर्जला एकादशी व्रत में पानी कब पीना चाहिए ?

Ans :- निर्जला एकादशी के व्रत पूरा होने के बाद में पानी पीने जाता है ।

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